हाई रिटर्न के लिए सोने में कब और कैसे निवेश करें

गोल्ड इन्वेस्टमेंट फॉर बिगनर्स

आज इस आर्टिकल में हम बात करेंगे गोल्ड इन्वेस्टमेंट फॉर बिगनर्स, इसके अलावा हम लोग इससे जुड़ी हुई और बातें जैसे गोल्ड में इन्वेस्टमेंट, गोल्ड कितनी तरह से खरीद सकते हैं?, ज्वेलरी शॉप से खरीद सकते हैं,या ऑनलाइन, सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड (एस.जी.बी) क्या है?, गोल्ड ई.टी.एफ क्या है? गोल्ड म्यूच्यूअल फंड क्या है ?

गोल्ड म्यूच्यूअल फंड vs गोल्ड ई.टी.एफ, क्या गोल्ड में निवेश के लिए डिमैट अकाउंट होना जरूरी है, गोल्ड में निवेश के फायदे इन सब के बारे में जानेंगे इस आर्टिकल में। तो चलिए शुरू करते हैं गोल्ड इन्वेस्टमेंट फॉर बिगनर्स से जुड़ी हुई कुछ बेसिक जानकारी के बारे में इस आर्टिकल को आप ध्यान से पढ़िए और गोल्ड इन्वेस्टमेंट के बारे में अच्छे से जानकारी हासिल करें।

गोल्ड में इन्वेस्टमेंट

सबसे पहले बात करते हैं गोल्ड में इन्वेस्टमेंट की गोल्ड में इन्वेस्टमेंट के बारे में हर किसी को मालूम है इन्वेस्टमेंट मतलब गोल्ड को खरीद के रख लेते अपने पास जैसे कि और चीजें होती है। अगर हमने अपने पास रखे तो एक टाइम के बाद धीरे-धीरे उसकी वैल्यू घटने लगती है लेकिन गोल्ड है जो वक्त के साथ-साथ उसका दाम भी बढ़ता रहता है। गोल्ड इन्वेस्टमेंट में सबसे अच्छी बात यह है कि इसमें जो भी महंगाई बढ़ रही होती है तो गोल्ड भी साथ के साथ महंगा हो जाता है।

अगर किसी ने अपने पास पैसे रखे हुए हैं। तो वह पैसे दिन-ब-दिन धीरे-धीरे उसकी वैल्यू कम ही होती जाएगी लेकिन किसी ने गोल्ड अपने पास रखा है। तो गोल्ड की वैल्यू बढ़ेगी अगर किसी ने 10 साल पहले गोल्ड खरीद के अपने पास रखा था तो उस वक्त जो पैसे लगाकर गोल्ड खरीदे होंगे तो आज गोल्ड की जो क़ीमत होगी वही क़ीमत मानी जाएगी। ये बात समझने के लिए काफी है पैसे की कीमत से तुलना करके देखिए।

गोल्ड के इन्वेस्टमेंट में क्या-क्या फायदे हो सकते है वक्त के साथ कितना प्रॉफिट मिलता है उसको एक बार देख लेते हैं गोल्ड के इतिहास को देखकर हम अच्छे से समझ सकते हैं कि वक्त के साथ गोल्ड की कितनी कीमत बढ़ी है और इसमें कितना बदलाव आया है।

गोल्ड वक्त के साथ कितना बड़ा है इसको जानने के लिए गूगल में टाइप कीजिए गोल्ड हिस्टोरी रेट तो आपके सामने बहुत सारे वेबसाइट आ जाएंगे जिसमें से आपको एक बेबसाइट पर क्लिक करना है बैंक बाजार। गोल्ड के शुरुआती रेट 1964 से देखने से साफ मालूम चलता है गोल्ड वक्त के साथ बहुत तेजी से बढ़ा है आज के दाम के हिसाब से गोल्ड 24 कैरट का रेट 1964 में 10 ग्राम का था 63.25

1965 में 10 ग्राम का दाम था 71.75 , 1970 में 10 ग्राम का दाम था 184.00, 1975 में 10 ग्राम का दाम था 540.00, 1980 में 10 ग्राम का दाम था 1330.00, 1985 में 10 ग्राम का दाम था 2130.00, 1990 में 10 ग्राम का दाम था 3200.00, 1995 में 10 ग्राम का दाम था 4680.00, 2000 में 10 ग्राम का दाम था 4400.00, 2005 में 10 ग्राम का दाम था 7000.00, 2010 में 10 ग्राम का दाम था 18500.00, 2015 में 10 ग्राम का दाम था 26343.50, 2020 में 10 ग्राम का दाम था 48651.50,

आज का 24 कैरेट गोल्ड 10 ग्राम का रेट है 48240.00

आप देख सकते हैं किस तरह से गोल्ड का रेट बड़ा है बीते हुए सालों में आपके पास अगर एक्स्ट्रा पैसे हो तो उस पैसे को अपने पास रख कर पैसे का वैल्यू कम मत कीजिए। उस एक्स्ट्रा पैसे से आप गोल्ड खरीद कर रख सकते हैं। आने वाले टाइम मैं आपको गोल्ड अच्छा रिटर्न दे सकता है।

गोल्ड हम कितने तरीके से खरीद सकते हैं

अब बात करते हैं गोल्ड हम कितने तरीके से खरीद सकते हैं। गोल्ड खरीदने के लिए आप शॉप पर जा सकते हैं जो आप पहले भी शॉप से गोल्ड खरीदते थे। गोल्ड की डिमांड हमेशा से रही है हमारे घरों में चाहे वह शादी का माहौल हो। या किसी को गिफ्ट देना हो, या महिलाओं का पसंदीदा कंगन बनाना हो गोल्ड शॉप से खरीदते हैं। पर इसको गोल्ड में इन्वेस्टमेंट नहीं कहेंगे। क्योंकि जब आप जो सोने के कंगन जेवरात जिस कीमत पर सोने के कंगन जेवरात बनाए जाते हैं उतना हमें रिटर्न नहीं मिलता क्योंकि कंगन बनाते समय जो कीमत होती है सेल करते वक्त उस कीमत से कम दाम मिलते हैं।

जिन लोगों को इन्वेस्टमेंट करना होता था वे लोग गोल्ड के कॉइन खरीदने लगे और जब उनको पैसे की जरूरत होती तो वे गोल्ड के कॉइन को सेल करते थे जिससे उनको कम नुकसान होता था। अगर आज के बात की जाए तो यह चीज अभी भी है अगर किसी को कॉइन खरीदना हो तो शॉप पर जाकर ले सकता है या ऑनलाइन भी खरीद सकता है अब तो बहुत सारी ऑनलाइन वेबसाइट आ चुकी है।

यहां पर हम कुछ वेबसाइट का नाम शेयर कर रहे हैं जहां से आप गोल्ड खरीद सकते हैं tanishq.co.in यह टाटा कंपनी की वेबसाइट है। इस वेबसाइट पर लोगों को ज्यादा भरोसा है। इससे ऑनलाइन डिजिटल गोल्ड खरीद सकते हैं। गोल्ड 2 type के होते हैं एक फिजिकल गोल्ड और दूसरा वर्चुअल गोल्ड।

फिजिकल गोल्ड उस गोल्ड को कहते हैं जो हमारे घरों में गोल्ड के कंगन जेवरात पहनने के लिए खरीदते हैं जिन्हें हम अपने पास रख सकते हैं वे फिजिकल गोल्ड होते हैं। फिजिकल गोल्ड अपने पास रखने से ज्यादा रिक्स होता है क्योंकि चोरी का डर, खो जाने का डर ये यह सब फिजिकल गोल्ड के साथ हो सकता है। वर्चुअल गोल्ड में

खतरा नहीं होता है अगर आपको इन्वेस्टमेंट करना है तो आप वर्चुअल गोल्ड ऑनलाइन खरीद सकते हैं। गोल्ड के बारे में और डिटेल में जाने के लिए आप यह वीडियो देख सकते हैं इसका लिंक यहां पर दिया है।

सॉवरेन गोल्ड बांड क्या होता है

अब बात करते हैं सॉवरेन गोल्ड बांड या SGB क्या होता है इसके बारे में जानने के लिए हमें RBI Bank के वेबसाइट पर जाना होगा ये एक तरह का गवर्नमेंट की पॉलिसी होती है जिन लोगों को गोल्ड पर इन्वेस्ट करना है उन लोगों के लिए RBI Bank सॉवरेन गोल्ड बांड या SGB लागू करती है।

सॉवरेन गोल्ड बांड या SGB को समझते हैं गवर्नमेंट लोगों को ऑफर करती है आपको अगर गोल्ड में इन्वेस्टमेंट करना है। तो यहां से कर सकते हैं सॉवरेन गोल्ड बांड या SGB एक बॉन्ड के रूप में खरीद सकते हैं।

इसमें शर्त यह होती है कि आप एक टाइम के बाद सॉवरेन गोल्ड बांड या SGB सेल कर सकते हैं कम से कम 8 साल के बाद आप गोल्ड सेल कर सकते हैं। इसमें आपका पैसा ब्लॉक हो जाता है। किसी को सॉवरेन गोल्ड बांड या SGB बेचना हो तो वो बेच सकता है 8 साल से पहले या कभी भी बस उसने डिमैट अकाउंट के द्वारा सॉवरेन गोल्ड बांड या SGB खरीदा है।

सॉवरेन गोल्ड बांड के फायदे क्या क्या है

  1. इसमें फायदा यह है कि गवर्नमेंट अपनी तरफ से 2.5% ब्याज देता है जो भी गोल्ड का रेट मार्केट के हिसाब से बढ़ रहा है वह तो मिलेगा ही साथ में बोनस प्वाइंट 2.5% ब्याज अलग से मिलेंगे।

  2. सॉवरेन गोल्ड बांड में आपको किसी प्रकार का डर नहीं है ना तो चोरी होने का डर ना खो जाने का डर और ना फ्रॉड होने का डर क्योंकि इसके पीछे RBI Bank है।

  3. सॉवरेन गोल्ड बांड या SGB एक अच्छा इन्वेस्टमेंट है अगर आप गोल्ड पर इन्वेस्ट करना चाहते हैं तो ये काफी फायदेमंद इन्वेस्टमेंट साबित हो सकता है। सॉवरेन गोल्ड बांड या SGB आपका इन्वेस्टमेंट पूरी तरह से सेव है क्योंकि इसे खुद RBI Bank लागू कर रही है।

SGB के बारे में और डिटेल में जाने के लिए आप यह वीडियो देख सकते हैं इसका लिंक यहां पर दिया है।

Gold ETF क्या हैं

अब बात करते हैं गोल्ड ETF क्या है Gold Exchange Traded Fund जो भी एक्सचेंज होता है बी.एस.ई ( Bombay Stock Exchange ) और एन.एस.ई (National Stock Exchange) उनके पास गोल्ड का फंड का ऑप्शन होता है। उसके अंदर इन्वेस्टमेंट करके गोल्ड खरीद सकते हैं।

गोल्ड ETF को किस तरह खरीद सकते हैं गोल्ड ETF को खरीदने के लिए आपके पास एक डिमैट अकाउंट होना चाहिए। गोल्ड ETF को कभी भी खरीद सकते हैं। और कभी भी बेच सकते हैं। गोल्ड ETF में इन्वेस्टमेंट करने के लिए अच्छा ऑप्शन है इन्वेस्टर के लिए सॉवरेन गोल्ड बांड के बाद अगर किसी को गोल्ड खरीदना हो तो वो SGB को खरीद सकता है। उसके बाद गोल्ड ETF काफी अच्छा ऑप्शन होता है।

इन्वेस्टमेंट करने के लिए। गोल्ड ETF आप ऑनलाइन डिमैट अकाउंट के थ्रू खरीद सकते हैं जितने भी बैंक है उनके पास गोल्ड ETF का ऑप्शन होता है इन्वेस्टर के लिए। Gold ETF में आप 1 ग्राम से लेकर 10 ग्राम या उससे अधिक गोल्ड पर भी इन्वेस्ट कर सकते है। जब आपको गोल्ड ETF नगद करना हो आप गोल्ड शेयर को ऑनलाइन ब्रोकर के द्वारा बेच कर गोल्ड ETF के मूल्य के बराबर नगद या गोल्ड ले सकते हैं।

गोल्ड म्यूच्यूअल फंड

अब बात करते हैं गोल्ड म्यूच्यूअल फंड के बारे में गोल्ड म्यूचुअल फंड ओपन-एंडेड इन्वेस्ट प्रोडक्ट है जो गोल्ड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (Gold ETF) में इन्वेस्ट करते हैं। उनका नेट एसेट वैल्यू ETFs के प्रदर्शन से जुड़ा हुआ है। इसके लिए डीमैट काउंट की जरूरत नहीं होती है। इसमें किसी दूसरे म्यूचुअल फंड की तरह की इन्वेस्ट किया जा सकता है।

Gold ETF vs गोल्ड म्यूच्यूअल फंड

Gold ETF की तुलना में गोल्ड म्यूचुअल फंड में इन्वेस्ट करना आसान है। आप सीधे ऑनलाइन या उसके डिस्ट्रीब्यूटर्स के माध्यम से गोल्ड म्यूचुअल फंड में इन्वेस्ट कर सकते हैं। दूसरी ओर, गोल्ड ईटीएफ में इन्वेस्ट करने के लिए आपके पास डिमैट अकाउंट होना चाहिए गोल्ड म्यूचुअल फंड में, AMC रिटर्न के लिए Gold ETF में अपना कॉर्पस का इन्वेस्ट करता है।

इसके अलावा गोल्ड म्यूचुअल फंड vs Gold ETF एसआईपी (SIP) के जरिए इन्वेस्ट करने की अनुमति देते हैं। जो पहले Gold ETF नहीं था।

गोल्ड म्यूचुअल फंड आपको किस्तों में गोल्ड खरीदने की परमिशन देता है और इसका मूल्य NAV में तय होता है। इसलिए आप गोल्ड के ग्रामों में इन्वेस्ट करने के बजाय म्यूचुअल फंड में रुपये में इन्वेस्ट करते हैं, जबकि गोल्ड ईटीएफ आमतौर पर 1 ग्राम सोने के न्यूनतम इन्वेस्ट की परमिशन देते हैं।

गोल्ड म्यूचुअल फंड, गोल्ड ईटीएफ और SGBs डिजिटल निवेश विकल्प हैं जो शुद्धता और सुरक्षा चिंताओं और फिजिकल गोल्ड के इन्वेस्ट की तरह शुल्क नहीं लेते हैं।

अगर आप इन्वेस्टमेंट ऑप्शन की तलाश कर रहे हैं और आप डीमैट खाता नहीं खोलना चाहते हैं या चाहते हैं कि सोने में आपके निवेश को फंड मैनेजर द्वारा मैनेज किया जाए तो आपके लिए गोल्ड म्यूचुअल फंड एक बेहद आकर्षक निवेश विकल्प साबित हो सकता है।

अगर आप डिमैट अकाउंट नहीं खोलना चाहते हैं तो आप गोल्ड म्यूच्यूअल फंड में इन्वेस्ट कर सकते हैं। ये भी एक अच्छा ऑप्शन है इन्वेस्ट करने के लिए। Gold ETF vs गोल्ड म्यूच्यूअल फंड के बारे में और डिटेल में जाने के लिए आप यह वीडियो देख सकते हैं इसका लिंक यहां पर दिया है।

निष्कर्स

आपको इस आर्टिकल के जरिए गोल्ड इन्वेस्टमेंट फॉर बिगनर्स के बारे में समझ में आ गया होगा और अब आप इन्वेस्टमेंट को भी समझ चुके होंगे गोल्ड में आप कैसे इन्वेस्ट कर सकते हैं। इसके बारे में हमने पूरे डिटेल में बात कि है। गोल्ड इन्वेस्टमेंट क्या है? गोल्ड हम कितने तरीके से खरीद सकते हैं, सॉवरेन गोल्ड बांड क्या होता है, Gold ETF क्या हैं, गोल्ड म्यूच्यूअल फंड क्या होता है, Gold ETF vs गोल्ड म्यूच्यूअल फंड कहां इन्वेस्ट करना चाहिए, कैसे इन्वेस्टमेंट करना चाहिए।

तो यह थी गोल्ड इन्वेस्टमेंट फॉर बिगनर्स की कुछ जरूरी जानकारियां अगर आपको इस आर्टिकल में कुछ सीखने को मिला तो आप इस आर्टिकल को अपने जानने वालों के साथ भी शेयर करें और उनको भी बताएं। ऐसे ही और शेयर मार्केट से जुड़ी ढेर सारी जानकारी इस ब्लॉग में आपको मिलेगी।

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